नज़रिया बदलो

हसीन तो बहुत है दुनिया में,
दिल में झांक के तो देखो
चेहरे खुश तो बहुत लगते है दुनिया में,
मुखौटा हटा कर तो देखो
मंज़िलें होंगी तो कठिन ही,
मगर चल के तो देखो
राहों में काँटे तो होंगे ही,
मगर फूलों को तो देखो
दोस्ती भी बड़ी खूबसूरत चीज है,
निभा कर तो देखो
कमियाँ तो बहुत है दुनिया में,
मगर आईना तो देखो
फल की चिंता करने वालों,
कर्म करके तो देखो
नफरत करने वालों,
प्यार करके तो देखो
सपना कठिन तो कोई भी नहीं,
कोशिश करके तो देखो
बात कुछ तो होगी ही हम,
आज़मा के तो देखो

अपने विचार साझा करें




0
ने पसंद किया
625
बार देखा गया

पसंद करें


  परिचय

"मातृभाषा", हिंदी भाषा एवं हिंदी साहित्य के प्रचार प्रसार का एक लघु प्रयास है। "फॉर टुमारो ग्रुप ऑफ़ एजुकेशन एंड ट्रेनिंग" द्वारा पोषित "मातृभाषा" वेबसाइट एक अव्यवसायिक वेबसाइट है। "मातृभाषा" प्रतिभासम्पन्न बाल साहित्यकारों के लिए एक खुला मंच है जहां वो अपनी साहित्यिक प्रतिभा को सुलभता से मुखर कर सकते हैं।

  Contact Us
  Registered Office

47/202 Ballupur Chowk, GMS Road
Dehradun Uttarakhand, India - 248001.

Tel : + (91) - 7534072808
Mail : info@maatribhasha.com