हिंदी भाषा को भारत की आशा बनाएँ  CHANDRESH PRAGYA VERMA

हिंदी भाषा को भारत की आशा बनाएँ

CHANDRESH PRAGYA VERMA

हिंदी भाषा को भारत की आशा बनाएँ,
यह पहचान है अपनी इसे भारत की शान बनाएँ
आओ हिंदी भाषा को अपनाएँ।
 

इस देश की एकता को हिंदी से मिलकर बढ़ाएँ,
दूर हुए दिलों को फिर से आपस में मिलाएँ,
आओ हिंदी भाषा को अपनाएँ।
 

हिंदी की बात है निराली हम सबको बताएँ,
ये भाषा है प्यारी चलो सबको सिखाएँ,
आओ हिंदी भाषा को अपनाएँ।
 

हिंदी भाषा की नहीं भावों की अभिव्यक्ति है
चलो प्रकट कर के दिखाएँ,
यह मातृभूमि पर मिटने की भक्ति है सभी निभाएँ,
आओ हिंदी भाषा को अपनाएँ।
 

हिंदी हमारी मातृभाषा है सभी इसे जरूर अपनाएँ,
अपने बच्चों को हिंदी पढ़ना जरूर सिखाएँ,
आओ हिंदी भाषा को अपनाएँ।
 

संकल्प लें कि हम हिंदी को चहुँ ओर फैलाएँ,
पूरे देश में गर्व से हिंदी का परचम लहराएँ,
आओ हिंदी भाषा को अपनाएँ।
 

बच्चे-बच्चे में हिंदी के प्रति अपनापन जगाएँ,
सिर्फ १४ सितम्बर नहीं रोज़ हिंदी दिवस मनाएँ,
आओ हिंदी भाषा को अपनाएँ।

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